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International Journal of Social Science Research (IJSSR)

International Journal of Social Science Research (IJSSR)

An Open-Access, Peer-Reviewed & Refereed Bimonthly Journal

ISSN: 3048-9490

Call For Papers - Volume 3, Issue 5 (September - October 2026)
Paper Title

नशे की समस्या कितनी गंभीर : एक समाजशास्त्रीय दृष्टिकोण

Author(s)
Dr. Akhilesh Kumar
Univ.Deptt.of Sociology,T.M.B.U., Bhagalpur
CountryIndia
Abstract

आप अक्सर ही ऐसी कहानियाँ सुनते होंगे कि फला आदमी के नशे की लत ने उसके पूरे परिवार को तहस-नहस कर दिया। आपने मुकेश हराने का वो विज्ञापन भी जरूर देखा होगा जिसमें वो तंबाकू सेवन के खतरनाक परिणामों के बारे में चर्चा करते हैं। इसके साथ ही आप अक्सर ऐसी खबरें पढ़ते होंगे जिसका मजमून ये रहता है कि कच्ची शराब ने ली लोगों की जान! नशे की ये लत कितनी खतरनाक है, भारत दो प्रमुख ड्रग उत्पादक क्षेत्रों- गोल्डन क्रिसेंट (ईरान-अफगानिस्तान-पाकिस्तान) और गोल्डन ट्रायंगल (थाईलैंड-लाओस-म्याँमार) के बीच स्थित है, जो इसे अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के लिये संवेदनशील बनाता है। इस रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि भारत दुनिया के सबसे बड़े अफ़ीम बाज़ारों में से एक है। हमारे यहाँ शराब, देशी शराब, अफ़ीम, हशीश और मारिजुआना स्वतंत्र रूप से उपलब्ध और उपयोग किए जाते थे। हमारे राजा और उनके दरबारी वरिष्ठ जन नशा करने के लिए इन पदार्थों का उपयोग हुक्के में करते थे। लेकिन उन दिनों लोग इनका प्रयोग कम मात्रा में करते थे और नशीली दवाओं का प्रयोग कोई गंभीर समस्या नहीं थी।

Subject AreaSociology
Issue Volume 1, Issue 6 (November - December 2024)
Published2024/12/31
How to Cite Kumar, A. (2024). नशे की समस्या कितनी गंभीर : एक समाजशास्त्रीय दृष्टिकोण. International Journal of Social Science Research (IJSSR), 1(6), 46–53. https://doi.org/10.70558/ijssr.2024.v1.i6.25230
DOI 10.70558/IJSSR.2024.v1.i6.25230
License
Copyright © 2024 The Author(s). This work is licensed under a Creative Commons Attribution 4.0 International License (CC BY 4.0).

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